पुल नहीं तो पढ़ाई दांव पर – उफनते नाले को पार कर स्कूल जाने को मजबूर छात्राएं
शिक्षा के प्रति जज्बेऔर सिस्टम की नाकामी की भी
धरमजयगढ़/रायगढ़।शिक्षा के अधिकार की पोल खोलती एक तस्वीर खड़गाव क्षेत्र से सामने आई है। यहां क्रोंध गांव की स्कूली छात्राएं रोजाना जान जोखिम में डालकर उफनते नाले को पार कर स्कूल पहुंच रही हैं।
तस्वीर में साफ देखा जा सकता है कि 6 छात्राएं नीली यूनिफॉर्म में घुटने भर गंदे पानी में नाला पार कर रही हैं। हाथों में किताबें और जूते-चप्पल लिए ये छात्राएं किसी तरह तेज बहाव में संतुलन बनाते हुए स्कूल जा रही हैं।
ग्रामीणों के अनुसार खड़गाव के पास से गुजरने वाला यह बरसाती नाला बारिश में उफान पर आ जाता है। इस नाले पर पुल या पुलिया नहीं होने से क्रोंध गांव का संपर्क टूट जाता है। बच्चों के लिए स्कूल जाना सबसे बड़ी चुनौती बन जाता है। बरसात के 3 महीनों तक यही हाल रहता है।
बताया जा रहा कि नाले में पानी बढ़ने पर कभी-कभी उन्हें स्कूल से छुट्टी लेनी पड़ती है, तो कभी देर से पहुंचने पर डांट सुननी पड़ती है। परिजन भी हर दिन चिंता में रहते हैं कि कहीं तेज बहाव में कोई हादसा न हो जाए।
स्थानीय ग्रामीणों ने कई बार जिला प्रशासन से यहां पुलिया बनाने की मांग की है, लेकिन आज तक कोई सुनवाई नहीं हुई है। ग्रामीणों ने प्रशासन से जल्द से जल्द नाले पर पुलिया निर्माण की मांग की है ताकि छात्राओं की शिक्षा और सुरक्षा दोनों सुनिश्चित हो सके।
