Republic Day 2026: प्रदेश के 11 अफसरों को वीरता एवं सेवा पदकों से सम्मानित किए जाने की घोषणा
रायपुर। गणतंत्र दिवस के अवसर पर केंद्र सरकार ने पुलिस, अग्निशमन, होमगार्ड एवं सिविल डिफेंस तथा करेक्शनल सर्विसेज (सुधारात्मक सेवा) के कुल 982 अधिकारियों एवं कर्मियों को उनके असाधारण साहस, कर्तव्यनिष्ठा तथा उत्कृष्ट सेवाओं के लिए वीरता एवं सेवा पदकों से सम्मानित किए जाने की घोषणा की गई है। इसमें छत्तीसगढ़ के 11 अफसर शामिल हैं। घोषित पुरस्कारों में 125 वीरता पदक (गैलेंट्री मेडल), 101 विशिष्ट सेवा के लिए राष्ट्रपति पदक।तथा 756 सराहनीय सेवा पदक शामिल हैं। वीरता पदक उन कर्मियों को प्रदान किए जाते हैं जिन्होंने अपनी जान जोखिम में डालकर नागरिकों की सुरक्षा, अपराध की रोकथाम अथवा संकट की घड़ी में अद्वितीय साहस का परिचय दिया। वहीं, सेवा पदक लंबे समय तक ईमानदारी, समर्पण एवं उत्कृष्ट कार्य निष्पादन के लिए दिए जाते हैं। वीरता पदक प्राप्त करने वाले कर्मियों में वामपंथी उग्रवाद प्रभावित क्षेत्रों, जम्मू-कश्मीर, पूर्वोत्तर राज्यों तथा अन्य संवेदनशील इलाकों में तैनात जवानों की उल्लेखनीय भागीदारी रही है।
छत्तीसगढ़ का योगदान
राष्ट्रीय स्तर पर घोषित इन सम्मानों में छत्तीसगढ़ केंद्र की घोषणा राज्य के पुलिस सेवा के अधिकारियों एवं कर्मियों को भी उनकी विशिष्ट एवं सराहनीय सेवाओं के लिए सम्मानित किया गया है। विशिष्ट सेवा के लिए राष्ट्रपति पदक: रामावतार सिंह राजपूत, सहायक उप निरीक्षक,
छत्तीसगढ़ पुलिस
सराहनीय सेवा के लिए पदक छत्तीसगढ़ पुलिस के निम्नलिखित अधिकारियों।को सराहनीय सेवा के लिए पदक से सम्मानित
किया गया है :
राम गोपाल, महानिरीक्षक।शशिमोहन सिंह, पुलिस अधीक्षक
श्रीमती श्वेता श्रीवास्तव सिन्हा, पुलिस अधीक्षक श्रीमती राजश्री मिश्रा, पुलिस अधीक्षक।श्रीमती निवेदिता पॉल, कमांडेंट
श्रीमती मनीषा ठाकुर रावते, कमांडेंट तर्केश्वर पटेल, सहायक पुलिस अधीक्षक सुश्री नेजा खातून अंसारी, सहायक पुलिस
अधीक्षक जैलाल मरकाम, सहायक कमांडेंट हजारी लाल साहू, प्लाटून कमांडर इन सम्मानों के माध्यम से देश एवं राज्य की आंतरिक सुरक्षा, कानून-व्यवस्था, जनसेवा और आपदा प्रबंधन के क्षेत्र में कार्यरत कर्मियों के समर्पण और बलिदान को राष्ट्रीय स्तर पर मान्यता दी गई है। छत्तीसगढ़ के सम्मानित पुलिस अधिकारी राज्य में सुरक्षा व्यवस्था को सुदृढ़ बनाने में निरंतर महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहे हैं।































































































































