HIGHLIGHTS
- जेल के बाहर समर्थकों के साथ एक घंटे तक सड़क पर भीड़
- जश्न प्रशासन के लिए परेशानी का कारण बना
- बीएनएस की धारा 126 (2) और।3(5) के तहत एफआईआर दर्ज
रायपुर।बलौदाबाजार हिंसा मामले में रायपुर सेंट्रल जेल में बंद कांग्रेस विधायक देवेंद्र यादव को 7 महीने बाद 20 फरवरी को सुप्रीम कोर्ट से जमानत मिली। वे 21 फरवरी को रायपुर सेंट्रल जेल से रिहा हो गए।रिहाई के बाद देवेंद्र यादव के समर्थक जेल के बाहर बड़ी संख्यामें जुट गए थे। रिहाई के बाद उन्होंने।समर्थकों को संबोधित करते हुए।करीब एक घंटे तक सड़क पर जश्न।मनाया। इस दौरान सड़क पर खड़े होकर जश्न मनाने से शहर में भारी जाम लग गया। इसका असर।यातायात व्यवस्था पर पड़ा, जिससे।सड़क पर लंबी लाइनें लग गईं। जश्न का यह तरीका प्रशासन के लिए परेशानी का कारण बना और।इसकी सूचना मिलने के बाद गंज।थाना में एफआईआर दर्ज की गई। बीएनएस की धारा 126 (2) और3(5) के तहत एफआईआर दर्ज की गई,।
यातायात और व्यवस्था को बाधित इन नेताओं पर
एफआईआर में कुल 13 लोगों के नाम हैं, जिनमें देवेंद्र यादव,
सुबोध हरितवाल, शांतनु झा, आकाश शर्मा, शोएब ढेबर, करने से संबंधित है। मामले में 13कांग्रेस नेताओं के पर एफआईआर
दर्ज की गई है।एफआईआर दर्ज।अतीक मेमन, फरहान खोखर,।अनवर हुसैन, शेख वसीम, नीता।लोधी, बाबी पांडे, शिबली मेराज खान और अन्य शामिल हैं।




























































































































