HomePoliticsकांग्रेस में कमेटियों की होगी ग्रेडिंग, निष्क्रिय पदाधिकारी होंगे बाहर

कांग्रेस में कमेटियों की होगी ग्रेडिंग, निष्क्रिय पदाधिकारी होंगे बाहर

Published on

कांग्रेस में कमेटियों की होगी ग्रेडिंग, निष्क्रिय पदाधिकारी होंगे बाहर

रायपुर।प्रदेश कांग्रेस(Congress) में अब सभी जिला(District) और ब्लॉक(Block) कमेटियों के कामकाज की एक तरह से ग्रेडिंग (Grading)तय होगी। संगठन हर महीने कामकाज की नियमित समीक्षा कर संबंधित कमेटियों को रिचार्ज करेगा। प्रदेश स्तर पर सभी जिलों की समीक्षा रिपोर्ट के आधार पर निष्क्रिय स्थानीय संगठनों को अलग किया जाएगा। साथ ही निष्क्रियता के कारणों को दूर कर पदाधिकारियों को नई जिम्मेदारी दी जाएगी। जिला और ब्लॉक कांग्रेस कमेटियों को अलग-अलग श्रेणी में रखकर रणनीति तैयार की जाएगी। संगठन की इन तैयारियों के बावजूद लंबित नियुक्तियां नहीं हो पा रही हैं। इस प्रयोग से कितनी सक्रियता आएगी, इसे लेकर भी चर्चा है।

कांग्रेस में लंबे समय से खस्ताहाल चल रहे संगठन को रिचार्ज करने की कवायद शुरू हो रही है। निचले स्तर की कमेटियों को सक्रिय करने के लिए नियमित समीक्षा के सख्त निर्देश के साथ समय सीमा भी तय कर दी गई है। इसके बावजूद लंबित नियुक्तियों से संगठन में कितनी कसावट आएगी, इसे लेकर पार्टी पदाधिकारी भी कुछ कहने की स्थिति में नहीं हैं। पिछले एक साल से जिला अध्यक्षों के मामले में असमंजस की स्थिति के कारण संगठन का कामकाज ठप पड़ा है। इधर, पीसीसी भी संगठनात्मक गतिविधियों में कुछ खास हासिल नहीं कर पाई है। सूत्रों के अनुसार अब जिला व ब्लॉक कमेटियों की हर माह नियमित समीक्षा कर तीन श्रेणियों में रखा जाएगा। सक्रिय, निष्क्रिय व सामान्य कामकाज के आधार पर ग्रेडिंग तय करने की योजना है। अगर दूसरी बार में भी रिचार्ज नहीं हुआ तो निष्क्रिय पदाधिकारियों को हटाया जा सकता है। हर माह समीक्षा के बाद प्रदेश मुख्यालय राजीव भवन में सभी जिलों व ब्लॉकों की रिपोर्ट भी तैयार की जाएगी। फिलहाल कुछ जिला व ब्लॉक कांग्रेस कमेटियां ही स्थानीय स्तर पर गतिविधियां कर रही हैं। पदाधिकारी भी मानते हैं कि कुछ मामलों में सिर्फ पुतला दहन व औपचारिक प्रदर्शन से संगठन सक्रिय नहीं हो पाएगा।

यह भी कहा जा रहा है जिला और ब्लॉक कांग्रेस कमेटियों में भी कई जिलों में टकराव की स्थिति रही है। इसके चलते पार्टी नेताओं को असहज स्थिति का भी सामना करना पड़ा है। इसी तरह क्षेत्रीय विधायकों और स्थानीय संगठन में भी तालमेल बेहतर नहीं हो पाया है। रायपुर समेत कुछ जिलों को छोड़ दें तो संगठन कमजोर साबित हुआ है।

Latest articles

गंगाराम बने बनगवां केवट निषाद समाज के निर्विरोध अध्यक्ष

गंगाराम बने बनगवां केवट निषाद समाज के निर्विरोध अध्यक्ष रायगढ़/कोरबा। छत्तीसगढ़ बनगवां केवट निषाद समाज...

हनुमान जयंती पर वनांचल में भव्य शोभायात्रा,गूँजे जय श्रीराम और जय बजरंगबली के जयकारे…

हनुमान जयंती पर वनांचल में भव्य शोभायात्रा,गूँजे जय श्रीराम और जय बजरंगबली के जयकारे... कुदमुरा/कोरबा।...

राठिया कंवर समाज का केंद्रीय प्रबंधकारिणी का गठन इन्हें मिली जिम्मेदारी

राठिया कंवर समाज का केंद्रीय प्रबंधकारिणी का गठन इन्हें मिली जिम्मेदारी रायगढ़।29 मार्च को राठिया...

पुलिस डिपार्टमेंट में बड़ा फेरबदल, 114 पुलिस अधिकारियों का ट्रांसफर

पुलिस डिपार्टमेंट में बड़ा फेरबदल, 114 पुलिस अधिकारियों का ट्रांसफर मुंगेली/बिलासपुर।सीनियर सुपरिटेंडेंट ऑफ़ पुलिस (SP)...

More like this

गंगाराम बने बनगवां केवट निषाद समाज के निर्विरोध अध्यक्ष

गंगाराम बने बनगवां केवट निषाद समाज के निर्विरोध अध्यक्ष रायगढ़/कोरबा। छत्तीसगढ़ बनगवां केवट निषाद समाज...

हनुमान जयंती पर वनांचल में भव्य शोभायात्रा,गूँजे जय श्रीराम और जय बजरंगबली के जयकारे…

हनुमान जयंती पर वनांचल में भव्य शोभायात्रा,गूँजे जय श्रीराम और जय बजरंगबली के जयकारे... कुदमुरा/कोरबा।...

राठिया कंवर समाज का केंद्रीय प्रबंधकारिणी का गठन इन्हें मिली जिम्मेदारी

राठिया कंवर समाज का केंद्रीय प्रबंधकारिणी का गठन इन्हें मिली जिम्मेदारी रायगढ़।29 मार्च को राठिया...
error: Content is protected !!